कुंभ 2019: राम मंदिर निर्माण के लिए किन्नरों ने दिखाया ‘पुरुषार्थ’
शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती की परमधर्मसंसद और विश्व हिन्दू परिषद की धर्मसंसद के बाद अब किन्नर अखाड़े ने अपने ‘पुरुषार्थ’ का परिचय देते हुए राम मंदिर के लिए पहल की है।
आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी ने कहा कि अयोध्या में भव्य राम मंदिर निर्माण के लिए किन्नर अखाड़ा प्रतिबद्ध है।
इसके लिए हमें चाहे जो भी बलिदान करना पड़े। बहुत हो चुका सनातनधर्मियों का उपहास, अब और नहीं होने दिया जाएगा।
उन्होंने स्पष्ट किया कि राम मंदिर पर जल्द से जल्द फैसले के लिए सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश, राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर अनुरोध किया जाएगा कि इस मामले के लिए ‘फास्ट ट्रैक’ गठित करते हुए जल्द से जल्द सुनवाई हो ताकि जल्द से जल्द फैसला आ सके।
यदि अदालत किसी आतंकवादी के लिए आधी रात को बैठ सकती है तो फिर देश के सबसे ज्वलंत विषय राम मंदिर के लिए ऐसा क्यों नहीं हो सकता है। सरकार पर दबाव बनाने के लिए अयोध्या में सत्याग्रह किया जाएगा।
शुक्रवार को कुंभ मेला क्षेत्र स्थित छावनी में पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि संत दरबारी टेंट में रह रहे हैं जबकि रामलला दस गुणे दस के टेंट में रह रहे हैं। हम सनातनधर्मियों के लिए यह शर्मनाक है। जिस राम का अयोध्या लौटने का हमारे बुजुर्गों ने चौदह वर्ष तक इंतजार किया, उनका मंदिर बनाने के लिए हम कोई कोर कसर नहीं छोड़ेंगे।
सखियां प्रभु राम की सेवा में रहीं। किन्नर अखाड़ा इस बारे में कोई श्रेय नहीं लेना चाहता है। हम अपना बैनर हटाकर सिर्फ राम के नाम पर सभी धर्माचारियों से एकजुट होने की अपील करते हैं। राम मंदिर के निर्माण में सभी साथ आएं।